सुबह 9 बजे मैं अपने ऑफिस पहुंचा ही था की बाहर से वॉचमैन आ कर बोला साहब, आपके नाम की चिट्ठी आयी है और लिफाफे को टेबल पर रख कर चला गया | आज के ज़माने में चिट्ठी कौन लिखता है ? मैंने कौतूहलवश लिफाफे को उठाया और देखने लगा | भेजने वाले की जगह लिखा था - " आपकी प्यारी बेटी " 2 मिनट के लिए मेरी आँखों के सामने अँधेरा छा गया , वातानुकूलित कमरे में भी मुझे पसीना होने लगा , क्योकि मेरी तो अभी तक शादी भी नहीं हुई थी |...
Written by ANSHUL MOONAT